962 महिलाओं की ज्योति विसर्जन यात्रा को इंटरनेशनल बुक आफ रिकार्ड्स में मिली जगह
इस उपलब्धि को, प्रदेश वासियों और माँ के भक्तों की आस्था और शक्ति के प्रतीक के रूप में देखा जा रहा है
डोंगरगढ़(दावा)। छत्तीसगढ़ के सुप्रसिद्ध शक्तिपीठ माँ बम्लेश्वरी धाम, डोंगरगढ़ के इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय जुड़ गया है।श्री बम्लेश्वरी मंदिर ट्रस्ट समिति द्वारा विगत चैत्र नवरात्रि के नवमी पर्व पर आयोजित ज्योति विसर्जन महायात्रा के दौरान 962 महिलाओं द्वारा सिर पर ज्योति कलश धारण कर परम्परानुसार ज्योति विसर्जन यात्रा करने के विहंगम व अदभुत क्षण को विश्व रिकॉर्ड में सम्मिलित किया गया है। इस ऐतिहासिक आयोजन को अंतर्राष्ट्रीय बुक आफ रिकार्ड्स – वर्ल्ड रिकॉर्ड्स आफ एक्सीलेंस ने ज्योति विसर्जन यात्रा के दौरान सिर पर अग्नि कलश धारण करने वाली महिलाओं का सबसे बड़ा समूह के रूप में विश्व रिकॉर्ड के तौर पर मान्यता दी है।
इस रिकॉर्ड का प्रमाण पत्र इंटरनेशनल बुक आफ रिकार्ड्स के सीईओ पंकज विग द्वारा ट्रस्ट समिति को प्रदान किया गया है। यह उपलब्धि न केवल मंदिर ट्रस्ट की, बल्कि समस्त डोंगरगढ़ वासियों, छत्तीसगढ़ और माँ के सभी भक्तों की आस्था, अनुशासन और शक्ति का प्रतीक है। श्री बम्लेश्वरी मंदिर समिति के इस उपलब्धि में विशेष रूप से उन सभी महिलाओं का विशेष योगदान रहा जो ज्योति विसर्जन के इस पवित्र कार्य को सम्पन्न करने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया। श्री बम्लेश्वरी मंदिर ट्रस्ट समिति ने मां बम्लेश्वरी मंदिर के इस उपलब्धि के लिए ज्योति धारण करने वाले सभी 962 माताओं-बहनों, समस्त कार्यकर्ताओं, प्रशासन, पुलिस प्रशासन, रेलवे प्रशासन और मीडिया का हृदय से आभार व्यक्त किया है।




