रायपुर: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से एक बेहद दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहाँ पंडरी इलाके के तरुण नगर (लोधीपारा) में एक 3 साल के मासूम बच्चे के साथ उसकी अपनी मां और सौतेले पिता ने अमानवीय क्रूरता की हदें पार कर दीं। गुस्से में आकर दोनों ने बच्चे को इतनी बुरी तरह पीटा कि उसका हाथ फ्रैक्चर हो गया और शरीर पर सिगरेट से दागने के निशान मिले हैं। मोहल्ले वालों की सतर्कता और शिकायत के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

बहन ने खोली पोल, बस्ती के लोग पहुंचे थाने
घटना का खुलासा तब हुआ जब पीड़ित बच्चे की 6 साल की बहन लक्ष्मी ने हिम्मत जुटाकर मोहल्ले के लोगों को इस जुल्म की जानकारी दी। 13 अक्टूबर की सुबह करीब 8:30 बजे इस वीभत्स घटना की भनक लगते ही बस्ती के लोग आक्रोशित हो गए और तुरंत सिविल लाइन थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई।
जांच में सामने आया है कि पति-पत्नी के बीच जब भी आपसी झगड़ा होता था, वे अपनी खीझ और गुस्सा मासूम बच्चे पर निकालते थे। सौतेला पिता राजा बच्चे की बेहरमी से पिटाई करता था और मां अन्नू देवी इस जुल्म को रोकने के बजाय मूकदर्शक बनी रहती थी।
मासूम के शरीर पर मिले गंभीर जख्म
हाथ फ्रैक्चर: मारपीट के दौरान बच्चे का हाथ टूट गया, जिसके बाद उसे अस्पताल ले जाकर प्लास्टर चढ़ाना पड़ा।
सूजी आंखें और सिगरेट के निशान: बेरहमी के कारण बच्चे की बाईं आंख बुरी तरह सूज गई है। इसके अलावा उसकी पीठ और शरीर के अन्य हिस्सों पर सिगरेट से दागने के कई निशान भी पाए गए हैं।
बाल गृह में सुरक्षित रखने की मांग
मोहल्लेवासियों ने आशंका जताई है कि आरोपी किराए के मकान में रहते हैं और पुलिस कार्रवाई के डर से फरार हो सकते हैं। स्थानीय लोगों ने पुलिस से बच्चे का मेडिकल परीक्षण कराने, उसे बाल कल्याण समिति (CWC) के समक्ष पेश करने तथा उसकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सुरक्षित बाल गृह में भेजने की पुरजोर मांग की है।
पुलिस ने दर्ज की गंभीर धाराएं
सिविल लाइन पुलिस ने त्वरित एक्शन लेते हुए आरोपी माता-पिता के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम, 2015 की धारा 75 और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2) व 3(5) के तहत FIR दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।





