छुरिया (दावा)। खातूटोला बैराज के अंतर्गत जल संसाधन विभाग द्वारा नहर नाली में सीमेण्टीकरण लाइनिंग के कार्य में मिट्टीयुक्त मुरूम का धड़ल्ले से उपयोग किया जा रहा है एवं सीमेण्टीकरण कार्य में स्तरहीन सामग्रियों का उपयोग किया जा रहा है। नतीजा जगह-जगह नहर नाली के लाइनिंग कार्य में जगह-जगह दरार आ गयी है। इसके साथ ही नियमित पानी की तराई नहीं होने से निर्माण कार्य में जमकर भर्राशाही की जा रही है।
मिली जानकारी के अनुसार खातूटोला बैराज क्षेत्र के तहत नहर नाली में सीमेण्टीकरण लाइनिंग कार्य के लिए शासन प्रशासन से लगभग आठ करोड़ रूपये की प्रशासकीय स्वीकृति मिली है जो कि नारायणगढ़, रंगीटोला, नागरकोहरा, कल्लूटोला, झिथराटोला शिकारीटोला तक निर्माण कार्य प्रगति पर है। इस निर्माण कार्य में प्राक्कलन के अनुरूप निर्माण कार्य न करते हुए ठेकेदार एवं इंजीनियर की मिलीभगत से स्तरहीन रेत, गिट्टी सीमेण्ट का धड़ल्ले से उपयोग किया जा रहा है। नहर नाली के सीमेण्टीकरण लाइनिंग कार्य में पानी की नियमित तराई नहीं की जा रही है जिससे जगह-जगह दरारें आ गयी है। इसके अलावा नहर नाली के कार्य में मिट्टी युक्त मुरूम का उपयोग किया जा रहा है। जिसकी षिकायत के बाद अब तक जल संसाधन विभाग के जवाबदार अफसर ठेकेदार पर कोई कार्यवाही नहीं कर रहे हैं।
ठेकेदार के भरोसे कार्य
खेतों में सिंचाई सुविधा को लेकर राज्य सरकार जहां प्रतिबद्ध है और करोड़ो रूपये की योजना संचालित कर किसानों के प्रति संवेदनशील है। वहीं जल संसाधन विभाग के अधिकारियों द्वारा नियमित सतत् मॉनिटरिंग नहीं किये जाने से इसका फायदा उठाकर ठेकेदार गुणवत्ताहीन सामग्रियों का उपयोग कर रहा है। इस योजना का कार्य ठेकेदार के भरोसे है।
शिविर में हुई शिकायत
खातूटोला बैराज के नहर नाली सीमेण्टीकरण कार्य में गड़बड़ी को लेकर समाधान शिविर महराजपुर में आठ गांव के किसानों ने शिकायत दर्ज कराई थी। उनके शिकायत को लेकर जिला भाजपा उपाध्यक्ष चंद्रिका प्रसाद डडसेना ने जल संसाधन विभाग के अधिकारियों पर नाराजगी व्यक्त करते हुए मंच पर कहा कि सिंचित क्षेत्र के कुल कितने रकबों की भूमि पर सिंचाई होगी और कितने किसानों को इस सुविधा का लाभ मिलेगा एवं इस निर्माण कार्य का कुल रकबा क्या है, पूछने पर विभाग के अधिकारी जवाब नहीं दे पाये जहां उन्होंने उन्हें लताड़ भी लगाई थी। वे इस पूरे मामले को लेकर प्रदेश के मुख्यमंत्री के समक्ष निर्माण कार्य में गड़बड़ी को लेकर जांच की मांग भी करेंगे।



