Home छत्तीसगढ़ ‘लोन वर्राटू’ अभियान की ऐतिहासिक उपलब्धि, 2 इनामी कमांडर समेत 12 नक्सलियों...

‘लोन वर्राटू’ अभियान की ऐतिहासिक उपलब्धि, 2 इनामी कमांडर समेत 12 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण

97
0

 दंतेवाड़ा। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बस्तर क्षेत्र में शांति और विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर स्थापित करते हुए दंतेवाड़ा पुलिस के ‘लोन वर्राटू’ (घर वापसी) अभियान ने 1000 से अधिक माओवादियों के आत्मसमर्पण का कीर्तिमान रच दिया है। इस अभियान के तहत आज 09 इनामी माओवादियों सहित कुल 12 माओवादियों ने आत्मसमर्पण किया। इनमें एक माओवादी दंपति भी शामिल है। इन माओवादियों ने लोकतांत्रिक व्यवस्था में विश्वास जताते हुए समाज की मुख्यधारा में लौटने की इच्छा जाहिर की। आत्मसमर्पित नक्सलियों का आंकड़ा एक हाजर पार करने के बाद दंतेवाड़ा एसपी गौरव राय ने केक कटा और खुशी जाहिर की।

दो बड़े नक्सली कमांडर शामिल

सरेंडर करने वालों में दो शीर्ष माओवादी नेताओं पर ₹8-8 लाख का इनाम घोषित था। इनमें चंद्रना – थाना गंगालूर क्षेत्र का सक्रिय माओवादी, डीकेएसएम/पश्चिम बस्तर डिवीजन अध्यक्ष और अमित उर्फ हिंगा बारसा – थाना जगरगुंडा क्षेत्र से, डीकेएसएम कंपनी नंबर 10 का सदस्य था।

अन्य इनामी नक्सली

अरुणा – ₹5 लाख (डीकेएसएम मेडिकल टीम सदस्य)

देवा कवासी – ₹3 लाख (लाइन नंबर 32 कमांडर)

राजेश मड़काम – ₹2 लाख (बीजापुर अध्यक्ष, डीकेएसएम)

पायके ओयाम – ₹1 लाख (परिया कमेटी पार्टी सदस्य)

कोसा सोढ़ी, महेश लेकाम, और राजू करटाम – ₹50-50 हजार (आरपीसी सदस्य)

अन्य तीन नक्सली – हिड़मे कोवासी, जीबू उर्फ रोशन, और अनिल लेकाम निचले स्तर के सदस्य रहे, जिन पर कोई इनाम घोषित नहीं था।

इस सभी आत्मसमर्पित माओवादियों को पुनर्वास नीति के तहत् 50 हजार रूपये की सहायता राशि के साथ छत्तीसगढ़ शासन द्वारा मिलने वाली अन्य सुविधायें जैसे स्किल डेवलपमेंट के लिए प्रशिक्षण, कृषि भूमि इत्यादि मुहैया कराई जाएगी।

माओवादियों को आत्मसमर्पण कराने में डीआरजी/बस्तर फाईटर्स, आसूचना शाखा दंतेवाड़ा, आरएफटी (आसूचना शाखा) दंतेवाड़ा, 111वीं वाहिनी सीआरपीएफ एवं 241वीं वाहिनी सीआरपीएफ बस्तर का विशेष योगदान रहा।

अब तक 1005 माओवादियों ने छोड़ा हिंसा का रास्ता

जून 2020 में प्रारंभ हुए ‘लोन वर्राटू’ (घर वापसी) अभियान के अंतर्गत अब तक 1005 माओवादी हिंसा का रास्ता छोड़कर आत्मसमर्पण कर चुके हैं। छत्तीसगढ़ शासन की पुनर्वास नीति के तहत, आत्मसमर्पित व गिरफ्तार माओवादियों तथा मुखबिरों से क्षेत्र में सक्रिय माओवादियों की गहन पूछताछ कर नक्सल प्रोफाइल तैयार किया गया।

इसके पश्चात थानावार माओवादियों की सूची तैयार कर संबंधित थाना, कैंपों एवं ग्राम पंचायतों में सक्रिय इनामी माओवादियों के नाम चस्पा किए गए। इसी क्रम में ‘लोन वर्राटू’ अभियान को जून 2020 से दंतेवाड़ा पुलिस द्वारा संचालित किया जा रहा है, जिसके तहत माओवादी संगठन में सक्रिय लोगों से मुख्यधारा में लौटकर सम्मानजनक जीवन जीने की लगातार अपील की जा रही है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here