00 श्रावण मास की पवित्रता के बीच नंगे पांव कीचड़ और कंकड़-पत्थरों से होते हुए
300 श्रद्धालुओं ने किया शिवधाम तक का कठिन सफर, 00 सावन के तिसरे सोमवार
को निकली भव्य कांवड़ यात्रा,बडी संख्या में युवक युवतियां, महिला पुरुष बड़ी संख्या में शामिल हुए, 00 कांवड़ यात्रा का ग्रामीणों ने किया जगह जगह स्वागत,

( यतेंद्र जीत सिंह “छोटू”)
खैरागढ़ : श्रावण मास के पावन अवसर तिहरे सोमवार को उदयपुर से शिवकोकड़ी धाम तक भव्य कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया, जिसमें क्षेत्र के करीब 300 युवक-युवतियों ने गगनभेदी “हर-हर महादेव” के जयघोष के साथ आस्था से ओतप्रोत नंगे पांव यात्रा कर भगवान शिव को पवित्र जल अर्पित किया।

इस ऐतिहासिक यात्रा की अगुवाई उदयपुर जिला पंचायत क्षेत्र के सदस्य ललित चोपड़ा ने स्वयं की।।उन्होंने न सिर्फ आयोजन की रूपरेखा तैयार की, बल्कि कांवड़ में जल भरकर नंगे पांव चलकर शिवकोकड़ी धाम तक पहुंचे, और पूरे रास्ते “हर हर महादेव” के जयकारों से वातावरण को भक्तिमय बनाए रखा। श्रावण मास के तिसरे सोमवार को निकली भव्य कांवड़ यात्रा
कांवड़ यात्रा सोमवार सुबह 9 बजे उदयपुर से प्रारंभ हुई।। श्रद्धालुओं ने कीचड़, कंकड़-पत्थर से भरे पथरीले रास्तों और बहती नदियों को पार करते हुए कठिन मार्ग को श्रद्धा से तय किया।
कांवडीयो का हुआ जगह जगह स्वागत सत्कार
यात्रा मार्ग में विभिन्न पड़ावों पर कांवड़ियों का भव्य स्वागत हुआ। छुईखदान मंडल भाजपा अध्यक्ष भावेश कोचर और भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के जिला अध्यक्ष नवनीत जैन ने यात्रा में भाग लेकर श्रद्धालुओं का उत्साहवर्धन किया।
बाजार अतरिया में भाजपा ओबीसी मोर्चा जिला अध्यक्ष हरप्रसाद वर्मा और युवा मोर्चा महामंत्री प्रेमसागर गुप्ता ने कांवड़ियों का स्वागत करते हुए फल वितरण किया।।इसके पश्चात यात्रा ग्राम सिंघोरी पहुंची, जहां जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि नरेश कुर्रे ने सभी के लिए स्वल्पाहार की व्यवस्था की।
बड़ी संख्या में भाजपा के जनप्रतिनिधियों ने भी सहभागिता निभाई कांवड़ यात्रा में
ग्राम सिंघोरी से पूर्व विधायक कोमल जंघेल, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि खम्हन ताम्रकार, सांसद प्रतिनिधि भागवत शरण सिंह, जिला पंचायत सदस्य अरुणा सिंह बनाफर, जिला भाजपा अध्यक्ष डॉ बिसेसर साहू, ग्रामीण मंडल भाजपा अध्यक्ष गोरेलाल वर्मा, जयप्रकाश साहू, अशोक साहू, समेत कई गणमान्य जनप्रतिनिधि यात्रा में सहभागी बने और जनसेवा के भाव से कांवड़ियों का स्वागत किया।
देर शाम कांवड़ यात्रा शिवकोकड़ी धाम पहुंची, जहां सभी श्रद्धालुओं ने अपने-अपने कांवड़ से पवित्र जल भगवान शिव के शिवलिंग पर अर्पित किया और क्षेत्र की खुशहाली, समृद्धि व शांति के लिए प्रार्थना की।
यह कांवड़ यात्रा न केवल धार्मिक आस्था की जीवंत मिसाल बनी, बल्कि जनसहभागिता, समर्पण और सेवा भावना का सशक्त प्रतीक भी साबित हुई। आयोजकों ने इसे हर वर्ष आयोजित करने का संकल्प भी लिया।



