कहा – मोदी की गारंटी खत्म भ्रष्टाचार चरम पर
राजनांदगांव। बारगाही स्थित पुल में सामने आई गंभीर दरारों को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। युवा कांग्रेस उत्तर ब्लॉक अध्यक्ष संदीप सोनी ने पुल निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए पूरे मामले की स्वतंत्र तकनीकी जांच कराने जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने तथा दोषी अधिकारियों और ठेकेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि यह केवल एक निर्माण कार्य का मामला नहीं, बल्कि हजारों लोगों की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर विषय है।
बारगाही स्थित पुल में दिखाई दी गंभीर दरारों को लेकर युवा कांग्रेस उत्तर ब्लॉक अध्यक्ष संदीप सोनी ने भाजपा सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि पुल में आई दरारें निर्माण कार्य की गुणवत्ता और संभावित अनियमितताओं की ओर स्पष्ट संकेत करती हैं। ऐसे मामलों में केवल विभागीय पत्राचार या औपचारिक कार्रवाई पर्याप्त नहीं है बल्कि पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच होना आवश्यक है। श्री सोनी ने कहा कि जब किसी पुल में निर्माण के कुछ समय बाद ही इस प्रकार की दरारें सामने आती हैं तो यह स्वाभाविक रूप से निर्माण प्रक्रिया, गुणवत्ता नियंत्रण और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर प्रश्न खड़े करती हैं। यदि समय रहते इस मामले की गंभीरता से जांच नहीं की गई तो भविष्य में यह आम लोगों की सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बन सकता है।उन्होंने कहा कि केंद्र, राज्य और स्थानीय निकाय तीनों स्तरों पर भाजपा की सरकार होने के बावजूद यदि जनता की सुरक्षा से जुड़े मामलों में प्रभावी कार्रवाई नहीं होती है तो लोगों के मन में सरकार की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है। जनता अब केवल आश्वासनों से संतुष्ट नहीं होगी बल्कि पारदर्शी और ठोस कार्रवाई देखना चाहती है। श्री सोनी ने आरोप लगाया कि मोदी की गारंटी।का दावा करने वाली सरकार के कार्यकाल में भ्रष्टाचार चरम पर पहुंच गया है और बारगाही पुल की स्थिति इसकी गंभीरता को उजागर करती है। उन्होंने कहा कि यदि निर्माण कार्य पूरी गुणवत्ता और निर्धारित मानकों के अनुरूप हुआ होता तो इस तरह की स्थिति उत्पन्न नहीं होती। श्री सोनी ने मांग की कि बारगाही पुल की जांच किसी स्वतंत्र एवं सक्षम तकनीकी एजेंसी से कराई जाए। जांच रिपोर्ट को सार्वजनिक किया जाए ताकि जनता को वास्तविक स्थिति की जानकारी मिल सके। साथ ही यदि जांच में किसी अधिकारी, इंजीनियर, ठेकेदार या अन्य जिम्मेदार व्यक्ति की लापरवाही अथवा भ्रष्टाचार सामने आता है तो उनके विरुद्ध कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि जनता के टैक्स के पैसे से बनने वाले विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। पुल जैसी महत्वपूर्ण संरचनाओं की गुणवत्ता से समझौता सीधे आम नागरिकों की जान से खिलवाड़ है। इसलिए सरकार को इस मामले में शीघ्र, निष्पक्ष और पारदर्शी कार्रवाई कर जनता का विश्वास कायम करना चाहिए।



