गरियाबंद: छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में मूसलाधार बारिश ने विकास कार्यों की पोल खोल दी है। पिछले 50 घंटों से लगातार हो रही भारी बारिश के चलते गरियाबंद जिले के अमलीगांव के पास उदंती नदी पर बन रहा 9 करोड़ रुपये की लागत का निर्माणाधीन पुल तेज बहाव में भरभरा कर ढह गया। इस घटना के बाद छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच का संपर्क गंभीर रूप से प्रभावित हो गया है।
ओडिशा सरकार द्वारा कराया जा रहा था निर्माण
मिली जानकारी के अनुसार, यह महत्वपूर्ण पुल ओडिशा सरकार की ओर से बनवाया जा रहा था। इसका मुख्य उद्देश्य गरियाबंद जिले के अमलीगांव को ओडिशा के चार प्रमुख गांवों से जोड़ना था, जिससे दोनों राज्यों के बीच आवागमन सुगम हो सके। लेकिन निर्माण कार्य पूरा होने से पहले ही यह हादसा हो गया।
पहली ही बारिश नहीं झेल सका पुल, गुणवत्ता पर उठे सवाल
लगातार हो रही बारिश की वजह से उदंती नदी का जलस्तर अचानक काफी बढ़ गया। नदी के तेज बहाव का दबाव निर्माणाधीन पुल सहन नहीं कर सका और देखते ही देखते उसका बड़ा हिस्सा ढीला होकर नदी में समा गया।
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों और जानकारों द्वारा निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर बड़े सवाल खड़े किए जा रहे हैं। लोगों का कहना है कि जब पुल पहली मूसलाधार बारिश का दबाव भी नहीं झेल पाया, तो भविष्य में वाहनों का भार कैसे सहन करता। प्रथम दृष्टया निर्माण कार्य में तय मानकों की अनदेखी और भारी लापहवाही की आशंका जताई जा रही है।
संपर्क कटा, आवाजाही ठप
पुल के ढह जाने से छत्तीसगढ़ और ओडिशा के सीमावर्ती इलाकों के बीच आवागमन का रास्ता बंद हो गया है। स्थानीय ग्रामीणों को अब एक बार फिर भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। प्रशासन और संबंधित विभाग इस पूरे मामले की जांच और स्थिति पर नजर बनाए हुए है।



