आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर दुनिया की बड़ी टेक कंपनियों के बीच अब एक नई बहस शुरू हो गई है. सवाल यह है कि एआई मॉडल को और ज्यादा ताकतवर बनाने की दौड़ कितनी तेजी से जारी रहनी चाहिए. एंथ्रोपिक के सीईओ डारियो अमोदेई ने एआई के विकास में थोड़ी सावधानी बरतने और सुरक्षा जांच को ज्यादा मजबूत करने की बात कही है. कंपनी अपने नए एआई मॉडल की जांच बाहरी विशेषज्ञों से कराने की भी तैयारी कर रही है. ओपनएआई के सीईओ सैम ऑल्टमैन और एक्सएआई के एलन मस्क ने भी एआई सुरक्षा और जांच पर जोर दिया है.
इस खबर का असर शेयर बाजार में भी दिखा है. निवेशक पहले से ही इस बात को लेकर चिंतित हैं कि एआई के लिए कंपनियां अरबों डॉलर खर्च कर रही हैं, लेकिन उस खर्च से कमाई कितनी तेजी से बढ़ेगी. अब अगर एआई मॉडल बनाने की रफ्तार थोड़ी कम होती है तो बाजार में यह डर बढ़ गया है कि चिप और डाटा सेंटर पर होने वाला खर्च भी कम हो सकता है.
एआई धीमा हुआ तो क्या चिप की मांग भी घटेगी
यह कहना पूरी तरह सही नहीं होगा कि इससे चिप की मांग घटेगी. बाजार जानकारों को तो यही मानना है. मान लीजिए कोई कंपनी नए और ज्यादा ताकतवर एआई मॉडल बनाने की रफ्तार थोड़ी कम कर देती है. इसका मतलब यह नहीं कि उसके डाटा सेंटर बंद हो जाएंगे या उसे चिप की जरूरत नहीं रहेगी. मौजूदा एआई सिस्टम को चलाने के लिए भी बड़ी मात्रा में कंप्यूटिंग पावर चाहिए. यानी नए मॉडल की रफ्तार थोड़ी कम होने पर कंपनियों को अपने मौजूदा डाटा सेंटर और कंप्यूटिंग सिस्टम से कमाई करने के लिए ज्यादा समय मिल सकता है.
चिप के साथ बिजली और कूलिंग की मांग भी
एआई की पूरी दौड़ सिर्फ चिप कंपनियों तक सीमित नहीं है. एआई डाटा सेंटर चलाने के लिए बड़ी मात्रा में बिजली चाहिए. इन सर्वरों को ठंडा रखने के लिए कूलिंग सिस्टम चाहिए और डाटा को संभालने के लिए मेमोरी और नेटवर्किंग उपकरण चाहिए. अभी इन क्षेत्रों में मांग काफी मजबूत है. इसलिए एआई मॉडल के विकास की रफ्तार में थोड़ी कमी आने से पूरे एआई इंफ्रास्ट्रक्चर पर तुरंत बड़ा असर पड़ना जरूरी नहीं है.
सुरक्षा पर खर्च बढ़ा तो नया बाजार बनेगा
एआई को सुरक्षित बनाने की कोशिश खुद एक बड़ा कारोबार बन सकती है. कंपनियों को एआई मॉडल की निगरानी, साइबर सिक्योरिटी, डाटा की सुरक्षा और मॉडल की जांच के लिए नए सिस्टम बनाने होंगे. यानी एआई की रफ्तार पर बहस से एक तरफ कुछ टेक कंपनियों के शेयर दबाव में आ सकते हैं, लेकिन दूसरी तरफ एआई सुरक्षा से जुड़े कारोबार के लिए नए मौके भी बन सकते हैं.



