Home छत्तीसगढ़ जिले में धान खरीदी सोसायटियों का ऑनलाईन सिस्टम ध्वस्त…

जिले में धान खरीदी सोसायटियों का ऑनलाईन सिस्टम ध्वस्त…

19
0

धान तौलाने के बाद बायोमैट्रिक के लिए फंसे किसान, देर शाम तक अनेक किसान परेशान

डोंगरगांव (दावा)। शुक्रवार को डोंगरगांव सहित क्षेत्र के सभी धान खरीदी केन्द्रों के बायोमेट्रिक सत्यापन प्रणाली के ध्वस्त होने के चलते किसानों के धान सोसायटी में तौलाई के बाद भी ऑनलाईन खरीदी में दर्ज नहीं किया जा सक रहा है। नतीजा यह है कि धान खरीदी केन्द्रों में किसान सुबह से लेकर समाचार लिखे जाने तक तपस्या करते नजर आ रहे हैं। इस मामले में मिली जानकारी के अनुसार धान खरीदी के ऑनलाईन सिस्टम के सर्वर में किसी परेशानी के चलते आधार वेरिफिकेशन नहीं हो पा रहा है, जबकि ऑफलाईन मोड में धान खरीदी की पूरी प्रक्रिया पूर्ण कर ली गई है। जो आधार वेरिफिकेशन के बाद ऑनलाईन मोड में दर्ज हो जाती परन्तु सिस्टम में आयी गड़बड़ी ने किसानों को मुसीबत में डाल दिया है। बता दें कि रात्रि नौ बजे तक दिनभर की खरीदी अपलोड नहीं हो पाने पर खरीदी शून्य मानी जाएगी। ऐसे में सबसे बड़ी समस्या छोटे किसानों को होनी है, जिनका टोकन एक बार ही काटने की सुविधा है। वहीं धान तौलाई होने के बाद सोसायटी के स्टॉक में भी अंतर आ जाएगा।

ज्ञात हो कि इस वर्ष सरकार ने धान खरीदी की प्रक्रिया में आवक के दौरान गेटपास तथा वाहन एवं कृषक अथवा उसके नामिनी की फोटोग्राफी के बाद टोकन के आधार पर बारदाना वितरण तदुपरांत धान की तौलाई एवं तौलाई पर्ची के आधार पर खरीदी की ऑनलाईन एन्ट्री की जाती है। उक्त एन्ट्री में कृषक के अथवा नामिनी के आधार का सत्यापन किया जाता है। समाचार लिखे जाने तक क्षेत्र के सभी सोसायटियों में किसानों का जमावड़ा लगा हुआ है। जिसमें महिलांँ भी शामिल हैं। इस संदर्भ में किसानों ने बताया कि वे सभी सुबह से धान खरीदी केन्द्र पर आए हुए हैं तथा सर्वर की परेशानी के चलते अभी तक खरीदी की प्रक्रिया पूर्ण नहीं की गई है। जिसके चलते हम सभी इस कड़ाके की सर्दी में भूखे-प्यासे सोसायटी में बैठे हैं। इस संदर्भ में एसडीएम श्रीकांत कोराम ने बताया कि उनके व्दारा संबंधित विभाग एवं उच्च अधिकारियों को अवगत कराया गया है। शीघ्र ही स्थिति सामान्य हो जाएगी।

 

सर्वर डाऊन होने की वजह से बायोमेट्रिक की यह समस्या आई है। किसानों का पंचनामा तैयार कर पुन: टोकन जारी करने की मांग की जाएगी। किसानों का नुकसान नहीं होने दिया जाएगा। – रामकुमार गुप्ता,
प्राधिकृत अधिकारी सोसायटी, डोंगरगांव

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here