छत्तीसगढ़ सरकार ने कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में बड़ा प्रशासनिक निर्णय लेते हुए प्रदेश के 6 पुलिस थानों को विशेष रूप से अधिसूचित किया है। राजपत्र में प्रकाशित आदेश के अनुसार, ये थाने अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 के तहत दर्ज मामलों की जांच अपने-अपने पूरे जिले में करेंगे।
यह अधिसूचना 23 फरवरी 2026 को जारी की गई थी, जिसे 26 फरवरी 2026 को छत्तीसगढ़ राजपत्र (असाधारण) में प्रकाशित किया गया।

इन थानों को मिला अधिकार
- अजाक पुलिस थाना गौरेला-पेंड्रा-मरवाही
- अजाक पुलिस थाना सक्ती
- अजाक पुलिस थाना सारंगढ़-बिलाईगढ़
- अजाक पुलिस थाना मनेंद्रगढ़-भरतपुर-चिरमिरी
- अजाक पुलिस थाना मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी
- अजाक पुलिस थाना खैरागढ़-छुईखदान-गंडई
क्या होगा असर ?
SC/ST अत्याचार निवारण अधिनियम से जुड़े मामलों की जांच अब नामित थाने ही करेंगे। संबंधित जिलों में एक ही थाना पूरे जिले के मामलों को देखेगा। सरकार का यह कदम अनुसूचित जाति और जनजाति वर्ग से जुड़े मामलों में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने की दिशा में लिया गया है।



