नेशनल हाईवे के आसपास का क्षेत्र हुआ पानी ही पानी, गर्मी के दिनों में हजारों लीटर पानी की हुई व्यर्थ बर्बादी
राजनांदगांव (दावा)। भीषण गर्मी के दिनों में शहर में कोई ऐसा acवार्ड नहीं होगा जो पानी का संकट नहीं झेल रहा हो। नलों की धार पतली हो चुकी है। कुछ नले तो लगभग बंद हो चुकी है। ऐसे हालात में लगभग पूरा शहर टैंकरों के भरोसे चल रहा है। ऐसे पानी की किल्लत वाली परिस्थिती में निगम के लोगों की लापरवाही से मेंन पाइप लाइन फूट जाए और आकाश को चूमते फौवारा उठने लगे जिससे हजारों लीटर पानी की बरबादी हो तो, निगम के लोगों की लापरवाही के लिए क्या कहा जा सकता है।
बताया जाता है कि उक्त मेन पाइप लाइन, 6 लाइन का काम के चलते फूटा, लेकिन उसे बंद करने के लिए कोई प्रयास ही नहीं किया गया।? जिससे उक्त पाइप लाइन से देर तक हजारों लीटर पानी की बरबादी होती रही। जिसे रोकने निगम का कोई भी अधिकारी, कर्मचारी भी नहीं आया।
भीषण गर्मी मे हजारो लीटर पानी की बर्बादी
बताते चलें कि शहर के वार्ड जिसमें खास कर मजदूर बहुल इलाके शामिल हैं नलो की धार पतली होने व किन्हीं – किन्हीं नलों में बिल्कुल पानी नहीं आने से वार्डवासी बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं वहीं दूसरी ओर निगम की लापरवाही के चलते आउटर क्षेत्र के वार्ड में पाइप लाइन फूट रहा है जिससे हजारों लीटर पानी की बर्बादी हो रही है। फूटे पाइप लाइन से ऊंचे-ऊंचे फव्वारा उठने लगे हैं इसके बाद भी निगम का ध्यान नही जा रहा है।
नेशनल हाईवे स्थित फेमिली ढाबा के पास गुरुवार को फूटे मेन पाइप लाइन से हजारों लीटर पानी की बरबादी हुई। इस घटना को देखने आसपास के बड़ी संख्या में लोग देर तक खड़े रहे। लेकिन उक्त फूटे पाइप लाइन को सुधारने कोई भी व्यक्ति नहीं आया इससे फव्वारे की तरह उंचाई तक उठ रहा पानी आसपास में परनाला की तरह बह निकला जिससे वहां कीचड़ का माहौल निर्मित हो गया। समाचार लिखे जाने तक उक्त फूटे पाइप लाइन को नहीं सुधारा जा सका, इससे हजारों लीटर पेयजल की व्यर्थ बरबादी होती रही।



