जैन साध्वियों के हादसे से मौत पर जैन समाज उद्वेलित
जैन समाज ने ंरैली निकालकर सौंपा ज्ञापन
राजनांदगांव (दावा)। आज दिनांक 25 मई दिन सोमवार को जैन समाज द्वारा 11 बजे मोटरसाइकिल रैली निकालकर भारत के माननीय राष्ट्रपति माननीय प्रधानमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सोपा गया दिगंबर जैन पंचायत के सचिव सूर्यकांत जैन ने जानकारी देते हुए बताया कि विगत 20 मई को मध्य प्रदेश के रीवा शहर में दिगंबर जैन पंथ की आचार्य विद्यासागर महाराज से दीक्षित दो साध्वी जिनकी संयम तप की दीक्षा को 20 वर्ष हो चुके थे ऐसी अहिंसक निधि को सडक़ हादसे में हमने खो दिया। सूर्यकांत जैन ने बताया कि दोनों त्याग मूर्ती साध्वी जी की विनयांजलि सभा राजनांदगांव में विराजमान पूज्य मुनी श्री नीरज सागर जी महाराज एवं पूज्य मुनी श्री निर्मद सागर जी महाराज के सानिध्य में 24 मई को प्रात: 8.30बजे आयोजित कर शासन को ज्ञापन देने की बात तय की गई।तथ्यों के अनुसार वीडियो फुटेज में जिस तरह वाहन चालक द्वारा सडक़ के किनारे सर्विस रोड पर पूज्य 105 श्रुतमति माताजी एवं पूज्य 105 उपशम मती माताजी प्रात: 6:00 बजे नित्य क्रिया हेतु जा रही थी उसी समय एक गाड़ी अल्टो द्वारा इरादतन हत्या के इरादे से घटना को अंजाम देना प्रतीत होता है जैन समाज चाहता है कि उक्त घटना की उच्च स्तरीय जांच कर दोषी व्यक्तियों को कठोर सजा की मांग जैन समाज करती है।
आज यह रैली सकल जैन संघ की उपस्थिति में दिगंबर जैन मंदिर गंज लाइन से निकलकर शहर के प्रमुख मार्गो से होते हुए कलेक्ट्रेट पहुंची एवं रास्ते भर जैन समाज के लोगों ने न्याय की मांग एवं साधु संतों की सुरक्षा व्यवस्था में सुधार के साथ सुरक्षा सम्मान की मांग हेतु तक्तियां पडक़र नारे लगाते रहे ,रैली में दिगंबर जैन समाज के अध्यक्ष अशोक झंझरी ने शासन से मांग की है कि जैन साधु विश्व कल्याण की भावना से पैदल नंगे पैर विचरण करते हैं ऐसी अहिंसक भावना रखने वाले साधु संतों की रक्षा हेतु शासन को व्यवस्था में सुधार लाने की जरूरत है यह संत हमारे भारत की अमूल्य निधि है।
सकल जैन समाज के अजय सिंघी ने कहा कि भविष्य में मुनिराजों, माताजी एवं किसी भी साधु संतों की हत्या, प्रताडऩा की पुनरावृत्ति ना हो इसके लिए संतों की सुरक्षा के कड़े कानून बने।
उक्त रैली में प्रमुख रूप से दिगंबर जैन समाज के अध्यक्ष अशोक झंझरी, सचिव सूर्यकांत जैन कोषाध्यक्ष सुदेश जैन, उपाध्यक्ष अनिल बडक़ुल, पंकज जैन, पूनम जैन, रविकांत जैन, मनोज वेद, रोशन गोलछा, मूलचंद भंसाली, नमिताब जैन, अखिलेश जैन, रानू जैन पार्षद, सुशील छाजेड़, राजेंद्र सुराणा, शरद जैन, दीपक कोठारी, ज्ञानचंद नौलखा, कमलेश बेद, नवीन कोठारी, विजय काकरिया, विजय गोलछा, महावीर सकलेचा, निखिल जैन, राजीव जैन, सुनील जैन, मुकेश जैन, प्रिऐश जैन, प्रियंक जैन, संयम जैन, नितिन जैन, राहुल जैन ष्ड्ड, निकेत झंझरी, सागर जैन, प्रकाश चंद जैन, नरेश जैन, अंशुल जैन, मनोज जैन, मनीष जैन, मनोज कौशल, प्रतीक जैन, प्रभात जैन, ताराचंद शास्त्री, संजीव जैन, प्रदीप जैन, सुधीर जैन, राकेश जैन, शिवम जैन सहित आदर्श महिला मंडल की अध्यक्ष श्रीमती सीमा जैन, सुनीता बडक़ुल, सपना जैन, सरोज जैन, कविता जैन, रुपाली जैन, सविता जैन, पिंकी जैन, श्रद्धा जैन, अनीता जैन, वंदना जैन, अलका जैन, रखी जैन, बलराज जैन सहित बड़ी संख्या में सकल जैन समाज के सदस्यगण शामिल रहे। सभी ने शासन प्रशासन से मांग की है कि साधु संतों की सुरक्षा के लिए कड़े कानून बनना चाहिए नहीं तो जैन समाज अपने संतों की रक्षा के लिए कड़े कदम उठाने के लिए बाध्य होगा।



