रानी सागर सरोवर में पेड़ों की कटाई पर शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने भाजपा और निगम प्रशासन से मांगा जवाब
राजनांदगांव (दावा)। शहर जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष जितेंद्र मुदलियार ने प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर ‘सेवा का संकल्प अभियान’ की शुरुआत के लिए रानी सागर सरोवर के किनारे पेड़ों की कटाई किए जाने को लेकर निगम प्रशासन को प्रकृति का दोषी ठहराया है। नेताओं के साथ निरीक्षण के बाद उन्होंने इस मामले में दुख व्यक्त करते हुए इस मामले को निगम प्रशासन और भाजपा के नैतिक पतन का उदाहरण बताया।
जितेंद्र मुदलियार ने कहा कि एक ओर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान रहे हैं और दूसरी ओर उन्हीं के जन्मदिन पर दीये जलाने के लिए पेड़ों की कटाई कर दी जाती है। वो भी सिर्फ इसलिए ताकि ड्रोन से तस्वीरें लेकर अपनी तथाकथित उपलब्धियों का महिमामंडन किया जा सके। यही निगम प्रशासन शहर में 10 हजार पौधरोपण के लिए स्थान तलाशता है और दूसरी फले-फूले वृक्षों की कटाई करने से भी नहीं हिचकता। निगम के तमाम जनप्रतिनिधि इस आयोजन की सीधी निगरानी में जुटे हुए थे इसलिए तय तौर पर वे इसके प्रत्यक्ष जवाबदेह हैं। इन मुद्दों पर सवाल हो रहे हैं तब वे अंधभक्ति का प्रमाण देने में ही व्यस्त हैं। उन्होंने कहा कि रानी सागर सरोवर में पेड़ों की कटाई का मामला गंभीर है। निगम प्रशासन को स्पष्ट करना चाहिए कि पेड़ किसके निर्देश पर और किसकी अनुमति से काटे गए। सवाल उठने पर भाजपा नेताओं का जवाब देने से बचना उनकी चुप्पी को और संदिग्ध बनाता है।
मुदलियार ने कहा कि देश का व्यापारी वर्ग बढ़ते करों और आर्थिक दबाव से परेशान है। यूपीआइ लेन-देन पर एमडीआर को लेकर व्यापारियों में असंतोष है। आम नागरिक महंगाई से त्रस्त हैं और रोजमर्रा का जीवन कठिन होता जा रहा है। ऐसे समय में लाखों रुपये दीये जलाने जैसे आयोजनों पर खर्च करना और इसके लिए पेड़ों की कटाई करना किसी भी दृष्टि से उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि सच्ची जनसेवा पेड़ों की कटाई कर दीये जलाने में नहीं, बल्कि जनता की समस्याएं दूर करने और पर्यावरण बचाने में है। भाजपा और निगम प्रशासन को दिखावे की राजनीति छोडक़र जनहित के वास्तविक मुद्दों पर काम करना चाहिए।
शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रशासन से पेड़ों की कटाई की जांच कराने, जिम्मेदार लोगों की भूमिका स्पष्ट करने और भविष्य में ऐसे मामलों की पुनरावृत्ति रोकने की मांग की है। निरीक्षण के दौरान प्रवीण मेश्राम, रूपेश दुबे, राकेश जोशी, इकरामुद्दीन सोलंकी, लक्ष्मण साहू, चेतन भानुशाली ,झम्मन देवांगन, मामराज अग्रवाल, अमित खंडेलवाल, भरत सोनी, रमेश पांडेय, महेंद्र बहादुर सिंह, वीरेन्द्र चंद्राकर, अशोक पंजवानी, ललित मरकाम, शरद खंडेलवाल, आशीष साहू, प्रदीप राठौर, राजा तिवारी, नरेश साहू, ऋषि शास्त्री ,गोलू नायक, रितेश गोलू महानंद, निश्चय बुराडे, बसंत चितलांग्या, ललित कुमरे, मनीष यादव, शुभम पाण्डेय, सुरेंद्र देवांगन, अमित कुशवाहा, जय जायसवाल, राहुल मरकाम, हिमालय बाडे, नंदकुमार साहू, आसिफ शेख, मुस्तफा जोया, छन्नू सेवता, राजकुमार गुप्ता सहित बड़ी संख्या में कांग्रेसजन उपस्थित थे।


