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डोंगरगांव पालिका की लचर व्यवस्था : 6 माह से बाजार मार्ग पर बह रहा गंदा पानी, पट्टे व निर्माण में खेल के लग रहे आरोप…

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डोंगरगांव (दावा)। नगर पंचायत से नगर पालिका का दर्जा मिलने के बाद नगरवासियों को विकास कार्यों में तेजी की बड़ी उम्मीद थी, लेकिन हकीकत इसके उलट नजर आ रही है। पालिका प्रशासन बुनियादी और छोटी-छोटी समस्याओं को भी दूर करने में पूरी तरह असमर्थ साबित हो रहा है। शहर के व्यस्ततम बाजार क्षेत्र में पिछले छह महीनों से नाली का गंदा पानी सडक़ पर बह रहा है। वहीं दूसरी ओर पुराने बाजार क्षेत्र में खुलेआम अवैध पक्के निर्माण और पट्टों के आवंटन को लेकर पालिका की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।

पट्टे, पीएम आवास और निर्माण
पर गंभीर आरोप
शहर के शुक्ला मार्केट सहित कई क्षेत्रों में पट्टे और निर्माण को लेकर भारी अनियमितताओं के आरोप लग रहे हैं। चर्चा है कि आवासीय पट्टे की भूमि पर धड़ल्ले से पक्की दुकानों का निर्माण कराया जा रहा है। सोशल मीडिया पर एक निर्वाचित जनप्रतिनिधि की पत्नी एवं माता के नाम पर पहले प्रधानमंत्री आवास निर्माण शुरू होने और बाद में पट्टा जारी होने का मामला भी खूब गर्माया हुआ है। आरोप है कि पालिका में पीएम आवास, पट्टा और अन्य छोटे-बड़े कार्यों के लिए हितग्राहियों को नियमों के जाल में उलझाया जाता है और सेवा-शुल्क की मांग की जाती है। हाल ही में पुराना बाजार स्थित शुक्ला मार्केट में कच्चे निर्माण को पक्का कर लिया गया। जबकि यह क्षेत्र हाट बाजार निर्माण के ‘फेज-2’ के लिए सुरक्षित बताया जा रहा है। इसके बावजूद पालिका की अनदेखी से मिलीभगत का संशय गहरा रहा है।

व्यस्त बाजार मार्ग पर बह रहा नाली का पानी
पाइपलाइन लीकेज और नालियों की बदहाली से शहरवासी परेशान हैं। प्रमुख शोरूमों और मुख्य बाजार तक पहुंचने वाले व्यस्ततम मार्ग पर विगत छह माह से नाली का दूषित पानी सडक़ पर फैल रहा है। सैकड़ों ग्राहकों व राहगीरों को इसी बदबूदार पानी और कीचड़ के बीच से गुजरना पड़ रहा है, लेकिन बार-बार की शिकायतों के बाद भी समस्या जस की तस बनी हुई है।

सब्जी बाजार बदहाल : गार्डन और खेल मैदान दोनों हुए खराब
हाट बाजार निर्माण के दौरान अस्थायी तौर पर चिल्हर सब्जी बाजार को इंदिरा गार्डन और थोक कारोबार को जेंट्स क्लब मैदान में स्थानांतरित किया गया था। इस अव्यवस्था के कारण गार्डन और खेल मैदान दोनों ने अपना मूल स्वरूप खो दिया है। वर्तमान में जेंट्स क्लब मैदान और सब्जी बाजार की स्थिति बेहद नारकीय हो चुकी है, जहां पैदल चलना भी दूभर है। चिल्हर विक्रेताओं ने बदहाली से तंग आकर पुराने बस स्टैंड तक दुकानें फैला ली हैं। बीते डेढ़ वर्षों से सब्जी कारोबारी प्रशासन और पालिका के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला।

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