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विकास को नई रफ्तार : खपरीकला में सीडब्ल्यूसी और सोमनी में 400 करोड़ का मल्टी फ्रूट प्रोसेसिंग प्लांट मंजूर…

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० खपरीकला में केंद्रीय भंडारण निगम को 10 एकड़ व सोमनी में 31.55 एकड़ भूमि के आवंटन को मिली हरी झंडी
० कृषि अधोसंरचना होगी मजबूत, किसानों को मिलेगा उपज का बेहतर दाम और युवाओं को रोजगार- डॉ. रमन सिंह

राजनांदगांव (दावा)। विधानसभा अध्यक्ष एवं स्थानीय विधायक डॉ. रमन सिंह ने राजनांदगांव जिले में कृषि एवं औद्योगिक अधोसंरचना के विस्तार की दिशा में लिए गए दो बड़े निर्णयों को क्षेत्र के विकास में मील का पत्थर बताया है। राज्य शासन द्वारा ग्राम खपरीकला में केंद्रीय भंडारण निगम (सीडब्ल्यूसी) हेतु 10 एकड़ भूमि तथा ग्राम सोमनी में राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (एनडीडीबी) के माध्यम से 400 करोड़ रुपये के प्रस्तावित निवेश से ‘मल्टी फ्रूट प्रोसेसिंग फैसिलिटी’ की स्थापना के लिए राजगामी संपदा की 31.55 एकड़ भूमि कृषि विभाग को आवंटित करने के प्रस्ताव को औपचारिक स्वीकृति दे दी गई है।

सोमनी में 400 करोड़ से आकार लेगा आधुनिक फू्रट प्रोसेसिंग प्लांट
ग्राम सोमनी में स्थापित होने वाली यह मल्टी फ्रूट प्रोसेसिंग यूनिट एनडीडीबी के सहयोग से लगभग 400 करोड़ रुपये के भारी निवेश से तैयार होगी। इसके लिए राजगामी संपदा न्यास की 31.55 एकड़ उपयुक्त भूमि कृषि विकास एवं किसान कल्याण तथा जैव प्रौद्योगिकी विभाग को हस्तांतरित की जा रही है। इस अत्याधुनिक संयंत्र के शुरू होने से राजनांदगांव सहित आसपास के जिलों में उत्पादित होने वाले पपीता, अमरूद, केला, आम, टमाटर और अन्य उद्यानिकी फसलों के प्रसंस्करण (प्रोसेसिंग) को बड़ा प्रोत्साहन मिलेगा।

खपरीकला में वेयरहाउसिंग हब का विस्तार
इसी प्रकार, ग्राम खपरीकला में केंद्रीय भंडारण निगम (सीडब्ल्यूसी) के लिए 10 एकड़ भूमि के आबंटन को स्वीकृति दी गई है। इस केंद्र के बनने से जिले में आधुनिक भंडारण और वेयरहाउसिंग सुविधाओं का व्यापक विस्तार होगा, जिससे किसानों और व्यापारियों को अपनी उपज सुरक्षित रखने में सहूलियत होगी और फसल के वैज्ञानिक रख-रखाव से बर्बादी पर रोक लगेगी।

किसानों की आय में वृद्धि और रोजगार के नए अवसर- डॉ. रमन सिंह
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने इन दोनों निर्णयों पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि इससे जिले के ग्रामीण और कृषि क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव आएगा। उन्होंने कहा जिले में भंडारण और खाद्य प्रसंस्करण की विश्वस्तरीय सुविधाएं विकसित होंगी। स्थानीय फल उत्पादक किसानों को बिचौलियों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा और उन्हें अपनी उपज का उचित व लाभकारी मूल्य प्राप्त होगा। 400 करोड़ के इस निवेश से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के सैकड़ों नए अवसर पैदा होंगे। डॉ. रमन सिंह ने राजनांदगांव के औद्योगिक और कृषि परिदृश्य को नया आयाम देने वाले इन दूरगामी फैसलों के लिए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय एवं समूचे मंत्रिपरिषद का सहृदय आभार व्यक्त किया।

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