राजनांदगांव (दावा)। सोमनी थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत फुलझर सहित आसपास के 3 ग्राम पंचायत के जलाशयों से बगैर पंचायतों की अनुमति से पाइप लाइन बिछाकर पानी लेने वाले न्यू लुक बायो फ्यूल्स कंपनी के खिलाफ ग्रामवासियों ने मोर्चा खोल दिया है। बुधवार को तीनों ग्राम पंचायत के बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर कलेक्टर डॉ सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे व एसपी मोहित गर्ग को ज्ञापन सौंपा है और उक्त प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को उनके ग्राम पंचायतों के जलाशयों से पानी लेने की अनुमति नहीं प्रदान करने की अपील की है।
उक्त कंपनी के खिलाफ शिकायत करने वाले ग्राम पंचायत देवादा के सरपंच श्रीमती लक्ष्मी साहू, कोपेडीह के सरपंच, मगरलोटा पंचायत के पूर्व सरपंच कनक दुबे सहित किसान दिनेश सिन्हा, नरेश कुमार, लता निर्मल कर, मानसिंह रात्रे, संतोषी सिन्हा, धनेश्वरी, दिलिप, चमरु, अंगेश्वर, भोजराय, परसुराम, भूपेंद्र रात्रे, किशन निर्मलकर आदि सहित बड़ी संख्या में किसानों कहा है कि सन् 1976 में ग्राम इंदावानी एवं टेड़ेसरा के किसानों की जमीन अधिग्रहण कर इंदावानी जलाशय का निर्माण किया गया है। उक्त जलाशय से टेड़ेसरा, देवादा धीरी, बिरेझर के किसानों को अनुबंध के आधार पर जल प्रदाय किया जाता है।
बायो फ्यूल्स कंपनी द्वारा की जा रही मनमानी
उक्त जलाशय के पानी का अधिकार किसानों का है। चूंकि टेड़ेसरा के किसानों द्वारा अनुबंधित जल कर की राशि समय पर भुगतान किया जाता है। इसलिए वहां के किसानों ने पानी की समस्या को देखते हुए अपने जमीन का अधिग्रहण करने दे दिया था। अत: फुलझर स्थित न्यू लुक बायो फ्यूल्स कंपनी को उक्त जलाशय का पानी उपयोग करने के लिए दे दिया गया है।
ग्रामवासियों का कहना है कि उक्त कंपनी द्वारा मनमानी करते हुए अनाधिकृत रूप से जलाशयों तक गड्ढा खोद कर तथा अनेक मार्गों को बिना अनुमति काट कर व जगह-जगह गड्ढा करते हुए अपनी कंपनी तक पाईप लाईन लाया गया था। जिसके संबंध में पूर्व में ग्रामवासियों द्वारा चक्का जाम किया गया था। सोमनी थाने का घेराव कर ज्ञापन भी सौंपा गया था। इसके बाद भी कंपनी द्वारा सभी ग्राम पंचायतों से अनुमति मिल गई है कहते हुए लोगों में भ्रम फैला कर बगैर अनुमति पाईप लाईन बिछाया जा रहा है। जिसका तीनों ग्राम पंचायतवासी कड़ा प्रतिरोध कर रहे हैं।
ग्रामवासियों द्वारा उग्र आंदोलन की चेतावनी
ग्रामवासियों द्वारा जिला प्रशासन से मांग की जा रही है कि किसानों के उपयोग के लिए उक्त जलाशय में संचित पानी को उक्त कंपनी के उपयोग के लिए अनुमति प्रदान बिल्कुल ही न की जाए और तत्काल उक्त जलाशय से पानी लेने के लिए बिछाए गए पाइप लाइन से हटाई जाए। ग्रामवासियों द्वारा कहा गया है कि प्रशासन द्वारा उक्त पाइप लाइन को कंपनी द्वारा स्वयं के व्यय से हटाकर तथा पाईप लाईन बिछाने हेतु जगह -जगह किए गड्ढे को पाटकर समतल करने का आदेश प्रदान की जाए यदि ऐसा नहीं किया जाता है तो दो दिनों पश्चात प्रभावित ग्रामवासी उग्र आंदोलन करने बाध्य हो जाएंगे जिसके पूरी जिम्मेदारी जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन की होगी।



