राजनांदगांव राज्य सरकार ने कुछ दिन पूर्व ही बिजली की दरों में वृद्धि की है उक्त बढ़ौतरी से हिसाब नहीं बना तो प्रदेश की जनता को हाफ बिजली दर के बिल को समाप्त कर 400 यूनिट को घटा कर 100 यूनिट तक हाफ जार्ज कर रही है असली वजह और कुछ है डिजिटल मीटर लगाने घर घर कौन सी कंपनी आ रही किसी को बताने की आवश्यकता नहीं है सभी स्थानों पर मीटर लग जाने के बाद पूरी प्रदेश की सरकार बिजली विभाग को निजी हाथों में सौंपेगी ? उसके बाद सारा कंट्रोल निजी हाथों में जा सकता है जब तक राज्य सरकार आपको अधिक दर से बिजली के भुगतान की आदत डाल चुकी होगी ताकि की जनता निजी कंपनी का विरोध न कर सके उक्त योजना पूरी सुनियोजित हो सकती है आपको आने वाले समय में इस तरह के निर्णय के लिए तैयार रहना होगा देश की लगभग सरकारी संस्थाएं निजी हाथों में जा चुकी है अब प्रदेश की सरकारी संस्थाएं भी निजी हाथों में देने की तैयारी है आज के समय में लगभग लोगो के घर पर 100 यूनीट से अधिक बिजली की खपत है।राज्य सरकार महतारी वंदन योजना को नहीं चला पा रही है तो इसका मतलब नहीं कि अन्य श्रोतों से जनता पर अतिरिक्त भार दे कर वसूली चालू करने लगे जनता समझे इनकी कथनी और करनी का असर 18 माह के कार्यकाल की सरकार में दिखने लगा है । सभी क्षेत्र में फेल हो चुकी है। अशोक फडणवीस।



