जोंधरा (दावा)। विधायक भोलाराम साहू ने प्रदेश की विष्णुदेव साय सरकार पर धान खरीदी व्यवस्था में हो रही भारी अव्यवस्थाओं को लेकर कड़ा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि किसान आज टोकन के लिए दर-दर भटक रहे हैं, जबकि सरकार केवल आश्वासन देने में व्यस्त है। विधायक साहू ने कहा कि छत्तीसगढ़ में साय सरकार के गठन के बाद से ही किसानों की परेशानियां लगातार बढ़ती जा रही हैं। कभी खाद वितरण की समस्या, तो कभी पटवारी कार्यालयों के चक्कर—किसानों का कोई भी काम समय पर पूरा नहीं हो पा रहा है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में टोकन के ऑफलाईन-ऑनलाईन प्रक्रिया ने किसानों को अत्यधिक मुश्किल में डाल दिया है। किसान सुबह से फोन लगाते रहते हैं, लेकिन न टोकन मिलता है और न ही समस्या का समाधान। यह स्थिति किसान विरोधी मानसिकता को दर्शाती है। विधायक ने खाद संकट पर भी सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि सोसाइटी में खाद उपलब्ध न होने पर किसानों को भटकना पड़ा। जबकि व्यापारियों के गोदामों में खाद का स्टॉक भरा पड़ा था।
उन्होंने टिप्पणी करते हुए कहा कि यह सरकार किसानों की नहीं, व्यापारियों की सरकार साबित हो रही है। श्री साहू ने बताया कि किसानों की धान कटकर पूरी तरह तैयार है, लेकिन बेचने के लिए उन्हें फिर भटकना पड़ रहा है। लगभग 15 दिन से धान खरीदी जारी है, लेकिन अब तक धान उठाव प्रारंभ नहीं हो पाया है। यदि उठाव में और देरी हुई तो उपार्जन केंद्रों में जाम की स्थिति बनेगी और इसका सीधा नुकसान किसानों को उठाना पड़ेगा। उन्होंने यह भी कहा कि नमी और अन्य तकनीकी बहाने बनाकर किसानों की धान वापस की जा रही है, जिससे उनकी सालभर की मेहनत पर पानी फिर रहा है। यह सब दर्शाता है कि साय सरकार पारदर्शी तरीके से धान खरीदी कराने में पूरी तरह असफल रही है। अंत में विधायक भोलाराम साहू ने मांग की कि सरकार तत्काल टोकन व्यवस्था दुरुस्त करें, धान उठाव में तेजी लाए और किसानों की समस्याओं को प्राथमिकता से हल करें, ताकि उन्हें राहत मिल सके और खरीदी कार्य सुचारू रूप से संचालित हो सके।



