समता चिकित्सालय में संचालित प्रकल्प
शहर की सेवाभावी संस्था समता मंच द्वारा उदयाचल रोड़ में हनुमान मंदिर के पास समता चिकित्सालय में रोगियों के लिए जहां सामान्य चिकित्सा सुविधा मुहैया कराई जाती है, वहीं नि:शुल्क व न्यूनतम शुल्क पर स्वास्थ्य परीक्षण व दवाइयां भी वितरण किया जाता है। जहां न्यूनतम राशि में डिजिटल एक्स-रे सुविधा, रक्त, मल, मूत्र जांच की पैथालॉजीकल एवं आटोएनलाइजर सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। इसके अलावा लघु शल्य चिकित्सा, आक्सीजन, ग्लूकोज, नेबुलाइजर एवं प्रारंभिक चिकित्सा व छोटे-छोटे बच्चों का बाल रोगों से बचाव के लिए नि:शुल्क टीकाकरण भी किया जाता है। इसके अलावा समता मंच के चिकित्सालय में ईसीजी मशीन की सुविधा, तथा रोजाना सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक टायफाइड, पोलियो, बीसीजी, मीसल्स, विटामिन ए, डीपीटी, टिटनेस, एम.एम.आर., रुबेला, हेपेटाइटिस बी, टीका उपलब्ध कराया जाता है। उक्त सेवा कार्यों में संस्था के संस्थापक अध्यक्ष गौतम पारख, वर्तमान अध्यक्ष गौतम कांकरिया, सचिव उमेश गिडिय़ा एवं कोषाध्यक्ष सतीष सांखला का विशेष योगदान है।
ेप्रतिभा प्रोत्साहन के कार्य
समता मंच द्वारा न केवल प्यासे कंठों को पानी पिलाने व बीमारों की चिकित्सा सेवा के अलावा वृद्धजनों की सेवा-सुश्रुआ किया जाता है। प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को अध्ययन में सहायता प्रदान की जाती है। संस्कार क्रांति अभियान के तहत भावी पीढ़ी में बचपन से ही संस्कार की चेतना जगाने का कार्य, शाकाहार व व्यसनमुक्ति अभियान, बाढ़, भूकंप जैसी आपदा स्थिति में सहयोग पूर्ण भूमिका, शासकीय जनसेवा में सहयोग, इसके अलावा समय-समय पर स्वास्थ्य शिविर का आयोजन, पशु-पक्षियों के लिए जल टंकी का वितरण आदि प्रमुख सेवा कार्य में शुमार हैं।
राजनांदगांव (दावा)। संस्कारधानी नगरी राजनांदगांव अपने सेवा कार्य व संस्कार के लिए दूर-दूर तक जाना जाता है। और खास कर तो अहिंसा परमो धर्म की नीति में चलने वाला जैन समाज मानव सेवा कार्य में सबसे आगे हैं। उक्त सेवा कार्य के लिए शहर में आज से 46 साल पहले समता मंच नामक सेवाभावी संस्था की 26 जनवरी 1980 को नींव रखी गई। उक्त सेवाभावी संस्था समता मंच नामक पौधा, आज वट वृक्ष बन गया है जिसकी शीतल छाया में मानव सहित जीव मात्र को सुकून पा रहा है।
जैन मंदिर के पीछे शुरू हुआ समता मंच का सेवा कार्य
शहर के सदर बाजार स्थित जैन मंदिर के पीछे श्री लक्ष्मी मंदिर के समीप स्थित समता मंच का प्रारंभिक सेवा कार्य लोगों की चिकित्सा सेवा से हुई इसके बाद गर्मी के दिनों में जगह-जगह प्याऊ घर खोलकर प्यासे कंठों को पानी पिलाने का कार्य शुरू किया गया। इस पुण्य कार्यों में समता मंच के सेवा प्रकल्प के कार्य बढ़ते चले गए। समता मंच परिवार द्वारा समता चिकित्सालय खोली गई जहां बहुत ही कम पैसे में जरूरतमंद लोगों की चिकित्सा सेवा की जाती है। यही नहीं समता लैब द्वारा मरीजों के रक्त की जांच व अन्य जांच की सुविधा न्यूनतम शुल्क में उपलब्ध कराई गई है। इसी के साथ ही इसी स्थान के नीचे तल पर समता पुस्तकालय खोला गया है, जहां धार्मिक व नैतिक साहित्य से संबंधित पुस्तकों का विशाल भंडार है। वहीं रोजाना सुबह-शाम खुलने वाली वाचनालय में दैनिक, साप्ताहिक व मासिक के अलावा प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित पत्रिका लोगों को पढऩे मिलता है। इसी जी.ई. रोड में सत्यानंद योग आश्रम पार्रीनाला के समीप समता मंच द्वारा भगवान महावीर समता वृद्धाश्रम का भी संचालन किया जा रहा है, जिसमें निराश्रित एवं उपेक्षित वृद्धजनों को नि:शुल्क आवास, भोजन, जलपान व चिकित्सा सेवा उपलब्ध कराया जाता है।
समता जल मंदिर की सराहनीय सेवा
बता दें कि गर्मी के दिनों में समता मंच परिवार द्वारा प्यासे कंठों को पानी पिलाने शहर में दर्जन भर के करीब प्याऊ घर का संचालन किया जाता है। जिससे प्रमुख रुप से सार्वजनिक स्थानों के साथ आवाजाही के साथ जिला चिकित्सालय-बसंतपुर, जिला संयुक्त कार्यालय, जिला न्यायालय, नया बस स्टैंड, पुराना बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर 1 व प्लेटफार्म नंबर 2 में प्याऊ घर प्रमुख हैं, वहीं 7 समता जल मंदिर का संचालन स्थाई रूप से किया जा रहा है। साथ ही नंदई व जी ई रोड, सदर बाजार में ग्रीष्मकालीन प्याऊ खोले गए है।



