राजनांदगांव (दावा)। जिले की पुलिस चौकी सुकुलदैहान द्वारा नौकरी लगाने के नाम पर ठगी करने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देशन में की गई।
चौकी निरीक्षण भूषण चंद्राकर ने बताया कि उक्त घटना के संबंध में प्रार्थी रविचंद्र मंडले, निवासी ग्राम लिटिया, पुलिस चौकी सुकुलदैहान ने 2 अप्रैल को शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि आरोपी प्रकाश गजभिये पिता शंकर गजभिये, उम्र 33 वर्ष, निवासी वार्ड नं. 12, स्टेशनपारा, चिखली ने प्रार्थी को नौकरी लगवाने का लालच देकर उससे कुल 2 लाख 60 हजार रु. रुपये की ठगी की है।
मामले में आरोपी के विरुद्ध चौकी सुकुलदैहान थाना लालबाग में अपराध क्रमांक 197/26 धारा 318(4) बीएनएस कायम कर विवेचना में लिया गया, मामले में जांच में पाया गया कि आरोपी ने प्रार्थी से यूपीआई तथा नगदी के माध्यम से अलग-अलग तिथियों में कुल 2,60,000/- रुपये लिया है, विवेचना के दौरान आरोपी के द्वारा प्रार्थी के साथ बातचीत का ऑडियो को भी पुलिस के द्वारा पेन ड्राइव में जब्त किया गया है, साथ ही बैंक स्टेटमेंट से भी लेन-देन की पुष्टि हुई है। बुधवार 27 मई को चौकी सुकुलदैहान पुलिस के द्वारा आरोपी प्रकाश गजभिये को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से आरोपी को जेल भेज दिया गया है। बताया गया कि आरोपी का पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड चेक करने पर उसके विरुद्ध थाना कोतवाली में धारा 507 भादवि का मामला भी दर्ज होना पाया गया है।
दिग्विजय महाविद्यालय में विद्यार्थियों की समस्या का समाधान, एबीवीपी के प्रयासों से पुन: खुला पोर्टल
राजनांदगांव (दावा)। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा दिग्विजय महाविद्यालय के कई विद्यार्थियों की शैक्षणिक समस्या का समाधान करते हुए छात्रहित में महत्वपूर्ण पहल की गई। पारिवारिक, आर्थिक एवं अन्य व्यक्तिगत समस्याओं के कारण कई विद्यार्थी निर्धारित समय सीमा के भीतर अपना परीक्षा फॉर्म भरने से वंचित रह गए थे, जिसके चलते परीक्षा पोर्टल बंद हो चुका था और विद्यार्थियों के सामने परीक्षा से वंचित होने का संकट खड़ा हो गया था। विद्यार्थियों एवं उनके परिजन लगातार महाविद्यालय के चक्कर लगा रहे थे, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा था। जानकारी मिलने पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद राजनांदगांव एवं जनभागीदारी समिति ने विद्यार्थियों की समस्या को गंभीरता से लेते हुए तत्काल पहल की।
एबीवीपी एवं जनभागीदारी समिति के प्रयासों से बंद पोर्टल को पुन: चालू करवाया गया, जिसके बाद प्रभावित विद्यार्थियों के परीक्षा फॉर्म भरवाए गए। साथ ही विभागीय प्रक्रिया को भी पूर्ण करवाकर विद्यार्थियों को बड़ी राहत दिलाई गई। परिषद की इस पहल से कई विद्यार्थियों का शैक्षणिक वर्ष खराब होने से बच गया।



