राजनांदगांव । महिला एवं नाबालिग बालिकाओं से संबंधित अपराधों पर अंकुश लगाने और त्वरित कार्रवाई के निर्देश के तहत थाना घुमका पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने वर्ष 2023 से लापता एक नाबालिग पीड़िता को सुरक्षित दस्तायाब करते हुए अपहरण और दुष्कर्म के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। मिली जानकारी के अनुसार, वर्ष 2023 में प्रार्थी ने थाना घुमका में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी नाबालिग पुत्री को कोई अज्ञात व्यक्ति बहला-फुसलाकर भगा ले गया है। प्रार्थी की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ धारा 363 भादवि (अपहरण) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर मामला विवेचना में लिया था।
पुलिस टीम ने तकनीकी सहायता से दबोचा
मामला नाबालिग बालिका से जुड़ा होने के कारण पुलिस महानिरीक्षक और पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर के निर्देशन तथा पुलिस अनुविभागीय अधिकारी डोंगरगांव श्रीमती मंजूलता बाज के मार्गदर्शन में एक विशेष टीम का गठन किया गया था। थाना प्रभारी निरीक्षक विजय मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस टीम लगातार तकनीकी सहायता और मुखबिरों के जरिए अपहृता व अज्ञात आरोपी की तलाश में जुटी थी। आखिरकार पुलिस ने पीड़िता और आरोपी को ढूंढ निकाला।
बयान के बाद बढ़ीं धाराएं, पाक्सो एक्ट भी लगा
पीड़ीता के बरामद होने के बाद उसके बयान दर्ज किए गए। पीडि़ता ने बताया कि आरोपी उसे बहला-फुसलाकर जबरदस्ती ले गया था और उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। इसके आधार पर पुलिस ने मामले में आरोपी दिलेश्वर टोण्डे (25 वर्ष), निवासी मासूल, थाना घुमका की पहचान की। केस में धारा 366, 376(1), 376(2)झ भादवि और 4(2), 6(1), 8 पॉक्सो एक्ट की धाराएं जोड़ी गईं। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर पुलिस ने आरोपी दिलेश्वर टोण्डे को गिरफ्तार कर राजनांदगांव न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। इस पूरी कार्रवाई में थाना घुमका के थाना प्रभारी निरीक्षक विजय मिश्रा, एएसआई कोदूराम नागवंशी, देवसत रामटेके, प्रधान आरक्षक विजय राज सिंह, टिकाराम पटेल और आरक्षक सी.पी. की मुख्य व सराहनीय भूमिका रही।



