Home छत्तीसगढ़ खेल प्रतिभाओं को तराशने साय सरकार का बड़ा कदम: ₹100 करोड़ से...

खेल प्रतिभाओं को तराशने साय सरकार का बड़ा कदम: ₹100 करोड़ से ‘मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन’ की शुरुआत…

20
0

रायपुर। छत्तीसगढ़ के ग्रामीण इलाकों और आदिवासी अंचलों में मौजूद खेल प्रतिभाओं को पहचानकर उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने की दिशा में राज्य सरकार ने व्यापक तैयारी शुरू की है। मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन के जरिए प्रतिभा की खोज से लेकर प्रशिक्षण, आधुनिक संसाधन, बेहतर अधोसंरचना और बड़े मंचों तक अवसर उपलब्ध कराने की समग्र व्यवस्था विकसित की जा रही है। चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 में इस मिशन के लिए ₹100 करोड़ का बजट प्रावधान किया गया है।

संवाद ऑडिटोरियम में आयोजित प्रेस-कॉन्फ्रेंस

प्रतिभा की तलाश से तराशने तक पूरा फोकस
सरकार का फोकस केवल खेल प्रतियोगिताओं के आयोजन तक सीमित नहीं है। जमीनी स्तर पर उभरती प्रतिभाओं की पहचान कर उन्हें विशेषज्ञ प्रशिक्षण, आधुनिक खेल सुविधाएं और प्रतियोगिताओं के अनुरूप तैयारी उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जा रहा है। मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन इसी व्यापक विजन का हिस्सा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर कहा कि राज्य सरकार छत्तीसगढ़ में खेलों और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए पांच मिशन पर काम कर रही है। इनमें मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन प्रमुख रूप से शामिल है। इसका उद्देश्य खिलाड़ियों को प्रतिभा पहचान से लेकर प्रशिक्षण और बड़े प्रतियोगी मंचों तक पहुंचने का बेहतर अवसर देना है।

ओलंपिक एसोसिएशन की वार्षिक आमसभा बैठक
ग्रामीण और वनांचल की प्रतिभाओं पर विशेष नजर
छत्तीसगढ़ के दूरस्थ इलाकों में खेल प्रतिभाओं को मंच देने के लिए बस्तर ओलंपिक महत्वपूर्ण पहल के रूप में सामने आया। इसमें करीब 3.91 लाख युवाओं ने हिस्सा लिया। इसी तर्ज पर सरगुजा ओलंपिक की शुरुआत भी की गई है। इन आयोजनों के जरिए स्थानीय स्तर पर खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिल रहा है। खासतौर पर ग्रामीण और आदिवासी अंचलों के युवाओं को खेल गतिविधियों से जोड़ने और उनकी प्रतिभा को आगे बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।

आर्चरी अकादमी

₹100 करोड़ का प्रावधान, खेल अधोसंरचना को भी मजबूती
चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 में मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन के लिए ₹100 करोड़ का प्रावधान किया गया है। वहीं खिलाड़ियों को आर्थिक प्रोत्साहन देने के लिए छत्तीसगढ़ क्रीड़ा प्रोत्साहन योजना के तहत ₹57 करोड़ का बजट रखा गया है। 4 अगस्त 2026 को नवा रायपुर स्थित छत्तीसगढ़ संवाद ऑडिटोरियम में आयोजित प्रेस-कॉन्फ्रेंस में उप मुख्यमंत्री एवं खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव ने विभाग की गतिविधियों, उपलब्धियों और आगामी कार्ययोजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने खेल वातावरण को बेहतर बनाने, अधोसंरचना मजबूत करने, महिला खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने और खेल प्रतिभाओं की पहचान को सरकार की प्राथमिकताओं में बताया।

संवाद ऑडिटोरियम में आयोजित प्रेस-कॉन्फ्रेंस
156 उत्कृष्ट खिलाड़ियों को मिलेगी सरकारी नौकरी
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निवास कार्यालय में आयोजित उच्चस्तरीय समिति की बैठक में वर्ष 2018-19 और 2019-20 के लिए 20 अलग-अलग खेलों के 156 उत्कृष्ट खिलाड़ियों के चयन को अंतिम मंजूरी दे दी गई है। अनुमोदित सूची को अब सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा अधिसूचित किया जाएगा, जिसके बाद पात्र खिलाड़ियों की शासकीय सेवा में नियुक्ति का मार्ग प्रशस्त होगा। इससे पहले राज्य में 182 उत्कृष्ट खिलाड़ियों को उत्कृष्ट खिलाड़ी घोषित किया जा चुका है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने कहा कि चयनित खिलाड़ियों के अनुभव और उपलब्धियों का उपयोग नई खेल प्रतिभाओं के प्रशिक्षण और मार्गदर्शन में किया जाना चाहिए। बैठक में उप मुख्यमंत्री अरुण साव सहित वरिष्ठ अधिकारी एवं मंत्री मौजूद रहे।

ओलंपिक एसोसिएशन की वार्षिक आमसभा बैठक
आधुनिक खेल अधोसंरचना पर बड़ा निवेश
छत्तीसगढ़ ओलंपिक एसोसिएशन की वार्षिक आमसभा बैठक में मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रदेश में खेल अधोसंरचना का तेजी से विस्तार हो रहा है। रायपुर में ₹60 करोड़ की लागत से आर्चरी अकादमी और जशपुर के पंडरापाठ में लगभग ₹20 से ₹25 करोड़ की लागत से आर्चरी अकादमी का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खेल अधोसंरचना के विस्तार के साथ अब बड़े राष्ट्रीय खेल आयोजनों की मेजबानी की दिशा में भी गंभीरता से आगे बढ़ने का समय है। 40वें नेशनल गेम्स की मेजबानी छत्तीसगढ़ को दिलाने के लिए शासन स्तर पर आवश्यक प्रयास किए जाएंगे। इसके अलावा रायपुर, रायगढ़ और कुनकुरी में आधुनिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स विकसित किए जा रहे हैं। इन सुविधाओं से खिलाड़ियों को प्रशिक्षण और अभ्यास के लिए बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने का लक्ष्य है।

आर्चरी अकादमी
666 खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों का सम्मान
राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर रायपुर के पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में राज्य खेल अलंकरण समारोह आयोजित किया गया। समारोह में विभिन्न खेल पुरस्कारों और सम्मानों के माध्यम से खिलाड़ियों एवं प्रशिक्षकों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर कुल 666 खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों को ₹1 करोड़ 74 लाख 19 हजार की नकद प्रोत्साहन एवं पुरस्कार राशि वितरित की गई। शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार, शहीद कौशल यादव पुरस्कार, वीर हनुमान सिंह पुरस्कार, शहीद पंकज विक्रम सम्मान, शहीद विनोद चौबे सम्मान और मुख्यमंत्री ट्रॉफी जैसी श्रेणियों में खिलाड़ियों एवं प्रशिक्षकों का सम्मान किया गया।

खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों का सम्मान
कई जिलों में खेल अधिकारी पदों का सृजन
हॉकी लीग के आयोजन की तैयारियों से लेकर नए खेल अधिकारी पदों के सृजन तक, राज्य में खेल प्रशासन और खेल गतिविधियों को विस्तार देने पर भी काम किया जा रहा है। गौरेला-पेन्ड्रा-मरवाही, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी, सारंगढ़-बिलाईगढ़, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर और सक्ती में नए खेल अधिकारी पदों का सृजन किया गया है। मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन के तहत बजट, प्रशिक्षण, अधोसंरचना, प्रतिभा पहचान और प्रोत्साहन को एक साथ आगे बढ़ाने की कोशिश की जा रही है। इससे राज्य के दूरस्थ क्षेत्रों में मौजूद खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा को बड़े मंच तक ले जाने के लिए अधिक अवसर मिलने की दिशा में आधार तैयार हो रहा है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here