० राजनांदगांव प्रदेश के सबसे गर्म शहरों में शुमार, हीट वेव के खतरे के बीच स्कूलों की छुट्टियां और दफ्तरों के समय में बदलाव
० राहत की उम्मीद: बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी, कुछ स्थानों पर हल्की बारिश और गरज-चमक के आसार
राजनांदगांव (दावा)। शहर सहित पूरा राजनांदगांव जिले भीषण गर्मी की चपेट में हैं। पिछले दिनों तो हमारा राजनांदगांव प्रदेश के सबसे गर्म शहर में बना हुआ था। पारा 45 डिग्री के पार जा रहा था। इसका असर अब भी बना हुआ है। लोग भीषण गर्मी से बचने घरों में ही दुबके रहना पसंद कर रहे हैं। दिल्ली के मौसम विभाग ने तो दिन में 12 बजे से अपराह्न 4 बजे तक घर से नहीं निकलने की चेतावनी दी है। वहीं हमारे रायपुर स्थित लालपुर मौसम के के मौसम विज्ञानी एचपी चंद्रा ने तो इससे और आगे बढक़र सुबह 10 बजे से अपराह्न 4 साढ़े 4 बजे तक घरों से बाहर नहीं निकलने की चेतावनी दी है। ऐसे हालात में घर से बाहर निकलना हिट वेव के खतरे से जूझना बताया। उनके अनुसार अभी राजनांदगांव के तापमान में थोड़ी सी गिरावट आई है। तापमान का पारा कुछ नीचे जा कर 44.5 डिग्री सेल्सियस पर आया है। इसकी वजह उन्होंने पेंड्रा रोड में बारिश होने की बात बताई। उन्होंने कहा कि यही वजह है कि सरकार ने बच्चों के स्कूलों की छुट्टियां दे दी है। बड़ों के स्कूलों व आंगनबाड़ी केंद्रों के खुलने का समय तथा उचित मूल्य के दुकानों के समय में बदलाव किया गया है। यहां तक कि रविवार को हुई मंडी उप-निरीक्षक भर्ती परीक्षा के समय में बदलाव किया गया था।
राहत नहीं दे पा रहे पंखे व कूलर
बता दें कि शहर सहित पूरे जिले भर में पड़ रही भीषण गर्मी से लोग हलाकान है। एक मिनट के लिए भी पंखे या कूलर बंद होने पर लोग पसीने से तर-बतर हो जा रहे हैं। इस भीषण गर्मी मे विद्युत पारेशन कंपनी वाले बे-वजह हर कुछ घंटों में बिजली बंद कर भीषण गर्मी मे जूझते लोगों के सब्र का परीक्षा ले रहे हैं। एक तो वैसे ही तपती गर्मी में पंखे एवं कूलर की हवा राहत नहीं दे पा रही। सुबह से लेकर देर शाम रात तक भीषण गर्मी से लोगों को उबलना पड़ रहा है। भीषण गर्मी से हलाकान लोग आवश्यक कार्य हुआ तब ही घरों या दफ्तरों से बाहर निकल रहे हैं। डाक्टर चेतन साहू से लेकर डॉ. प्रकाश खूंटे लोगों को सलाह दे रहे हैं कि भीषण गर्मी मे बाहर न निकले। यदि आवश्यक कार्य हो तो नाक कान मुंह में टावेल लपेट कर या गमछा बांध कर निकले, पानी दार चीजें ककडी खीरा तरबूज खरबूज आदि के अलावा दही लस्सी, मठा, शीतल पेय, गन्ना रस, जलजीरा, आम रस आदि का सेवन करें। किसी भी हाल में शरीर में पानी की कमी होने न दे। हीट वेव के चलते लू लगने पर मरीज को छांह वाले स्थान पर ले जाएं। उसे पानी के छींटें दें। हो सके तो स्नान करा दे व उसे तत्काल हास्पीटल भेजने का काम करें। मेडिकल कॉलेज हास्पीटल पेंड्री में इलाज की सभी सुविधाएं उपलब्ध हैं।
गरज के साथ छींटे पडऩे की संभावना
मौसम विज्ञानी एच पी चंद्रा ने बताया कि प्रदेश में फिलहाल मौसम शुष्क बना हुआ है। हालांकि बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के कारण एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश और गरज-चमक के साथ छींटे पड़ सकते हैं। बावजूद इसके गर्मी से राहत मिलने के आसार कम हैं। उन्होंने बताया कि पेंड्रा रोड में बारिश हुई है। वहीं मध्य छत्तीसगढ़ के जिलो में अगले दो-तीन दिनों तक लूं चलने के हालात बने रह सकते हैं। मौसम विभाग की चेतावनी में बताया गया है कि पूर्वी यूपी, झारखंड और मध्य प्रदेश के उपर उपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण बने हुए हैं। जबकि दक्षिण छत्तीसगढ़ में बंगाल की खाड़ी से नमीयुक्त हवा पहुंच रही है। इसके कारण कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार अगले दो-तीन दिनों तक तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होगा। इसके बाद मौसम में आए थोड़े बदलाव से तापमान में एक से तीन डिग्री तक गिरावट आ सकती है। फिलहाल तपती धूप व भीषण गर्मी का कहर झेलते रहना होगा।



