राजनांदगांव | राजनांदगांव पुलिस द्वारा विद्यार्थियों में जागरूकता, जिम्मेदारी और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना विकसित करने के उद्देश्य से चलाई जा रही विशेष पहल “खाकी किड्स – सुरक्षित भविष्य के लिए युवा मनों का सशक्तिकरण” के तहत शहर के नीरज बाजपेयी इंटरनेशनल स्कूल में एक भव्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के कुशल मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों ने उत्साह के साथ भाग लिया।
अधिकारियों ने किया विद्यार्थियों का मार्गदर्शन

कार्यक्रम में मुख्य रूप से नगर पुलिस अधीक्षक श्रीमती वैशाली जैन, उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती सुमन जायसवाल, निरीक्षक कैलाश मरई और ‘स्वयं सिद्धा’ संस्था की विशेषज्ञ श्रीमती सोनाली चक्रवर्ती उपस्थित रहीं। उन्होंने छात्र-छात्राओं से संवाद कर उन्हें कानून, सुरक्षा और संस्कारों से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दीं।
इस अवसर पर नीरज बाजपेयी इंटरनेशनल स्कूल के संचालक श्री नीरज वाजपेई, श्रीमती सोनल वाजपेई और प्राध्यापिका मैडम एकता गांधी (प्रिंसिपल) विशेष रूप से उपस्थित रहे।

इन महत्वपूर्ण विषयों पर दी गई विशेष जानकारी
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों और विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को निम्नलिखित प्रमुख विषयों पर विस्तृत प्रशिक्षण प्रदान किया:

विधिक जागरूकता और रैगिंग रोकथाम: किशोरों एवं युवाओं से संबंधित कानूनी प्रावधानों और रैगिंग के दुष्परिणामों व उससे बचने के उपायों की जानकारी।
साइबर सुरक्षा एवं साइबर अपराध: आज के डिजिटल दौर में ऑनलाइन धोखाधड़ी, सोशल मीडिया के सुरक्षित इस्तेमाल और साइबर अपराधों से बचाव के उपाय।

लैंगिक संवेदनशीलता: लैंगिक समानता, आपसी सम्मान और एक सुरक्षित व संवेदनशील समाज के निर्माण में युवाओं की भूमिका।
नागरिक दायित्व एवं यातायात अनुशासन: सड़क सुरक्षा के नियमों का पालन करने तथा एक जिम्मेदार नागरिक बनने का संकल्प।

सकारात्मक बदलाव के वाहक बनेंगे युवा
वक्ताओं ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि वे केवल खुद जागरूक नागरिक न बनें, बल्कि अपने परिवार, मित्रों और समाज में भी इन महत्वपूर्ण जानकारियों का प्रसार कर सकारात्मक संदेश के वाहक बनें।
‘स्वयं सिद्धा’ संस्था की प्रतिनिधि श्रीमती सोनाली चक्रवर्ती ने विद्यार्थियों को जीवन में नैतिक मूल्यों और सम्मानजनक व्यवहार को अपनाने का संदेश दिया।
प्रमाण पत्र देकर किया गया सम्मानित
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों को सहभागिता प्रमाण पत्र प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।
राजनांदगांव पुलिस का यह “खाकी किड्स” अभियान विद्यार्थियों को जागरूकता, जिम्मेदारी और अधिकारों के मूल सिद्धांतों से जोड़ते हुए एक सुरक्षित और सशक्त भविष्य की नींव रख रहा है।



