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‘सेवा संकल्प अभियान’ की तैयारियों के बीच योजनाओं की समीक्षा : प्रभारी कलेक्टर ने दिए लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण के निर्देश…

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सडक़ सुरक्षा, किसान रजिस्ट्री, ई-ऑफिस और विद्यार्थी छात्रावास भवनों की सुरक्षा पर विशेष फोकस

खैरागढ़ (दावा)। छत्तीसगढ़ में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले सेवा संकल्प अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन और शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति को लेकर कलेक्टोरेट सभाकक्ष में समय-सीमा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए प्रभारी कलेक्टर एवं जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) प्रेमकुमार पटेल ने सभी विभागों के कार्यों, निर्माण परियोजनाओं और लंबित प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा की। प्रभारी कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि शासन की प्राथमिकता वाली योजनाओं और जनहित के कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को समय-सीमा के भीतर समस्याओं के निराकरण और विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर कार्य करने के कड़े निर्देश दिए।

सेवा संकल्प अभियान के तहत होंगी 12 प्रमुख पहलें
बैठक में बताया गया कि विकसित भारत 2047 के संकल्प और जनकल्याणकारी योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए महीने भर चलने वाले सेवा संकल्प अभियान में व्यापक जनभागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। अभियान के अंतर्गत ‘आशीर्वाद का दीया’, ‘25 करोड़ बच्चों के सपनों का भारत’, ‘नमो सेवा गाथा’, ‘आंगन का उत्सव’, ‘कहानी बदलाव की’, ‘सेवा ज्योति यात्रा’, ‘सेवा मेरा योगदान’ और ‘सेवा सेतु, सरकार आपके द्वार’ सहित कुल 12 प्रमुख कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन सभी गतिविधियों का फोटो-वीडियो दस्तावेजीकरण और नियमित रिपोर्टिंग अनिवार्य होगी।

सडक़ सुरक्षा समिति की मासिक बैठक: सडक़ दुर्घटनाओं की रोकथाम और यातायात व्यवस्था में सुधार के लिए अब प्रत्येक माह सडक़ सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित होगी। सडक़ों पर आवारा व घुमंतू मवेशियों के कारण होने वाले हादसों की रोकथाम के लिए सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया। कृषि विभाग की समीक्षा के दौरान एग्रीस्टैक पोर्टल पर फार्मर रजिस्ट्री प्राथमिकता से पूर्ण करने के निर्देश दिए गए, ताकि पीएम-किसान सम्मान निधि सहित अन्य योजनाओं का लाभ हर पात्र किसान को मिल सके। प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता और गति लाने के लिए ई-ऑफिस व्यवस्था को पूर्ण रूप से लागू करने तथा कर्मचारियों की नियमित बायोमीट्रिक उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। हाल ही में भवन ढहने की घटनाओं के मद्देनजर नगरीय निकाय (सीएमओ) को निर्देशित किया गया कि जिला मुख्यालय में विद्यार्थियों के रहने वाले शासकीय-अशासकीय भवनों और छात्रावासों की सुरक्षा जांच कर आवश्यक कदम उठाएं। नियद नेल्लानार और पीएम जनमन योजना के कार्यों की समीक्षा करते हुए वनांचल व दूरस्थ अंचलों के पात्र हितग्राहियों तक त्वरित लाभ पहुंचाने पर बल दिया गया।

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