राजनांदगांव। भाजपा के स्थानीय नेता अशोक चौधरी ने विपक्षी दलों, विशेषकर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी (सपा) पर करारा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया है कि देश की सबसे पुरानी पार्टी और प्रमुख क्षेत्रीय दल के पास अपना कोई विजन या नीतियां नहीं बची हैं। जिसके चलते वे दूसरों के आंदोलनों को हाईजैक कर अपना राजनीतिक ग्राफ बढ़ाने की नाकाम कोशिश कर रहे हैं। भाजपा नेता अशोक चौधरी ने कहा कि एक तरफ शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर सोनम वांगचुक का अनशन चल रहा है। वहीं दूसरी ओर ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ का धरना-प्रदर्शन व मार्च जारी है। इस बीच, कांग्रेस और समाजवादी पार्टी जैसे विपक्षी दल इस पूरे घटनाक्रम में सहयोगी की भूमिका निभाते हुए अपने गिरते राजनीतिक वजूद को बचाने के प्रयास में लगे हुए हैं।
संसद में चर्चा पर सहमति के बाद भी केवल उत्पात
अशोक चौधरी ने विपक्ष के रवैये को दुर्भाग्यपूर्ण और बेशर्मी भरा करार देते हुए कहा कि संसद में सरकार द्वारा विभिन्न विषयों पर चर्चा की सहमति दिए जाने के बावजूद विपक्षी दलों द्वारा केवल हंगामा और उत्पात मचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि संसद सत्र का अत्यंत कीमती समय नष्ट किया जा रहा है। जिससे देश को रोजाना करोड़ों रुपये का आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।
सपा की नजर उत्तर प्रदेश के आगामी चुनाव पर
भाजपा नेता ने कहा कि केवल तीन महीने पहले अस्तित्व में आई ‘सीजेपी पार्टी’ का पिछलगू बनकर कांग्रेस और सपा अपनी ही फजीहत करा रहे हैं। विशेषकर समाजवादी पार्टी को लेकर उन्होंने तंज कसा कि आने वाले समय में उत्तर प्रदेश में होने वाले चुनावों को देखते हुए सपा नेता अचानक अत्यधिक सक्रियता दिखा रहे हैं।
सीजेपी के बयान ने कांग्रेस-सपा को दिया करारा तमाचा
अशोक चौधरी ने आगे कहा कि सीजेपी पार्टी के प्रवक्ता ने स्वयं यह बयान दिया है कि उनके आंदोलन में अराजक तत्व घुस आए हैं। उन्होंने कहा कि जिनके सहारे कांग्रेस और सपा अपनी राजनीतिक रोटियां सेकने की सोच रहे थे। उसी सीजेपी पार्टी ने उनके लिए ‘अराजक तत्व’ शब्द का इस्तेमाल कर उनके मुंह पर बड़ा तमाचा जड़ा है। इससे बड़ी शर्मनाक बात इन दोनों पार्टियों के लिए और कुछ नहीं हो सकती। देश की जनता विपक्ष के इस दोहरे रवैये को भली-भांति देख रही है और वक्त आने पर इसका माकूल जवाब देगी।



