*➡️ एस आई आर को लेकर भागवत साहू का दहकता बयान*
*राजनांदगांव।*
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर देशभर में चल रही राजनीतिक बहस के बीच जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण के पूर्व अध्यक्ष भागवत साहू ने भाजपा और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे सवालों का समर्थन करते हुए भाजपा नेताओं पर चुनाव आयुक्त का बचाव करने का आरोप लगाया। श्री साहू ने कहा कि एसआईआर को लेकर विपक्ष द्वारा उठाए गए सवालों से भाजपा नेताओं को मिर्ची लगी हुई है और वे चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को बचाने में जुटे हैं।
श्री साहू ने कहा कि मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण के नाम पर जिस तरह की प्रक्रिया चल रही है उसे लेकर विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है। उनका आरोप है कि इन सवालों का जवाब देने के बजाय भाजपा नेता चुनाव आयोग के पक्ष में खड़े होकर वास्तविक मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि चुनाव आयुक्त और भाजपा नेता चोर-चोर मौसेरे भाई की तरह एक-दूसरे का बचाव कर रहे हैं। श्री साहू ने सांसद संतोष पांडे पर भी निशाना साधते हुए कहा कि इन दिनों वे एसआईआर को लेकर बड़ी-बड़ी बातें कर रहे हैं लेकिन उन्हें अपने संसदीय क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं पर भी ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि शहर और जिले की सड़कों की स्थिति किसी से छिपी नहीं है। जगह-जगह गड्ढे हैं और लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि यदि सांसद अपने क्षेत्र की सड़कों के गड्ढे पाटने, सड़क निर्माण में कथित भ्रष्टाचार पर रोक लगाने और शहर में स्वच्छ भारत मिशन की व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने जैसे स्थानीय मुद्दों पर ध्यान दें तो जनता के बीच उनकी स्वीकार्यता और बढ़ सकती है। श्री साहू ने कहा कि जनप्रतिनिधियों की प्राथमिकता जनता से जुड़े स्थानीय मुद्दे होने चाहिए। सड़क, सफाई, पेयजल, यातायात और अन्य नागरिक सुविधाओं को लेकर आम लोगों की समस्याओं का समाधान करना जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि इन मुद्दों पर पर्याप्त ध्यान देने के बजाय भाजपा नेता एसआईआर जैसे राजनीतिक विषयों को लेकर बयानबाजी में अधिक सक्रिय नजर आ रहे हैं। श्री साहू ने कहा कि मतदाता सूची से जुड़े किसी भी पुनरीक्षण की प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सबसे महत्वपूर्ण है। यदि विपक्ष या आम नागरिक इस प्रक्रिया को लेकर सवाल उठा रहे हैं तो उन सवालों का तथ्यात्मक जवाब दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची को लेकर लोगों का भरोसा बनाए रखना आवश्यक है। श्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की कथित गलतियों को छिपाने के प्रयास में लगे हैं। साहू ने कहा कि चुनाव आयोग जैसी संवैधानिक संस्था की कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवालों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए और पूरे मामले में पारदर्शिता के साथ स्थिति स्पष्ट की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि देश में लोकतंत्र की मजबूती के लिए स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया जरूरी है। मतदाता सूची में किसी भी तरह की गड़बड़ी या अपात्र नामों को लेकर शिकायत है तो उसकी जांच होनी चाहिए और पात्र मतदाताओं के नाम सूची से हटने नहीं चाहिए। श्री साहू ने कहा कि एसआईआर को लेकर कांग्रेस और विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे सवालों का जवाब राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप से नहीं, बल्कि तथ्यों और पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से दिया जाना चाहिए। उन्होंने केंद्र सरकार और भाजपा नेताओं से मतदाता पुनरीक्षण प्रक्रिया को लेकर स्थिति स्पष्ट करने की मांग की।



